मुन्नी उर्फ शकीला घर में चला रही थी चकला…काम के बहाने नाबालिक को घर ले गई, अंदर ग्राहक आरिफ पहले से था मौजूद
आरिफ ने मुन्नी उर्फ शकीला को कमसिन की व्यवस्था करने को 700 दिए थे
आरिफ ने नाबालिक को बनाया हवस का शिकार, नाबालिक की चीख चीत्कार से मोहल्ला हुआ था एकत्र, पुलिस ने दबोचा
आरोपी को छुड़ाने और मामले में सुलह कराने को एक व्यापार मंडल से जुड़ा दलाल हुआ था सक्रिय
पुलिस ने आंखे तरेरीं, दलाल हुआ गायब, मुकदमा दर्ज कर आरोपित को भेजा गया जेल…….
शाहजहांपुर अपराध और अपराधियों के प्रति उम्मीद से ज्यादा क्रूर बनकर कार्य बेहद आवश्यक है।
अपराधियों से भावनात्मक लगाव से क्राइम कंट्रोल होना मुश्किल हो जाता है।
एक अपराध अचानक हुआ हो वहीं दूसरा अपराध पूरी प्लानिंग से किया गया हो बेहद खतरनाक साबित होता है।
सदर बाजार इलाके में कुछ निकम्मे टाइप के लोगों द्वारा देह व्यापार का अड्डा बना कर मौज मारी जा रही है।
तमाम मामलों पर कार्यवाही की जा चुकी है।
पेशेवर लोगों ने देह व्यापार के लिए अब अपने घर तक इस्तेमाल कराए जाने लगे है।
ऐसा ही एक वाक्या बीते दिवस उस वक्त खुलासा हुआ जब एक नाबालिक किशोरी की चीखने चीत्कार की तेज आवाजें सुनकर दर्जनों मोहल्ले के लोग उस मकान के चारो ओर घेर कर खड़े हो गए जिस मकान से आवाजे आ रही थी।
लोगों ने जबरिया मकान का दरवाजा खुलवाकर अंदर देखा तो सभी के मुंह से चीख निकल गई।
एक नाबालिक किशोरी खून से लतपथ बेसुध जमीन पर पड़ी थी। मकान मुन्नी उर्फ शकीला पत्नी स्व हसीब निवासी बारादरी का था। लोगों द्वारा नाबालिक किशोरी के परिजनों तक सूचना पहुंचाई। परिजन आ गए। हुआ यू कि किशोरी की पड़ोस में रहने वाली मुन्नी उर्फ शकीला घर में काम कराने को लेकर गई थी।
मुन्नी उर्फ शकीला के घर में आरिफ नाम का युवक पहले से मौजूद था।
आरिफ ने किशोरी को दबोच लिया था।
मुन्नी उर्फ शकीला द्वारा दरवाजे की कुंडी बंद कर दी गई थी।
आरिफ ने किशोरी के साथ जबरन बलात्कार किया जिससे असहनीय पीड़ा से किशोरी चीत्कार कर उठी थी।
वह तो शुक्र है कि चीखने चिल्लाने की आवाज सुनकर मोहल्ले के लोगों ने जबरन दरवाजा खुलवाकर पूरे भेद से पर्दा उठा दिया। आरिफ लगातार कहता रहा कि मुन्नी उर्फ शकीला अपने घर में देह व्यापार का धंधा कराती है।
आज उसे कमसिन किशोरी की व्यवस्था करने को कहा था।
इसके लिए उसने रुपए मांगे तो एडवांस के रूप में 700 रुपए दिए थे।
हालांकि आरिफ मौके से फरार हो गया था……..
लेकिन सदर बाजार पुलिस के मामला संज्ञान में आने के बाद बगैर समय गंवाए आरोपी और मुन्नी उर्फ शकीला को धर दबोच लिया था।
हालांकि महानगर में एक व्यापार मंडल से जुड़ा व्यापारी दलाल की भूमिका में पहले मामले me समझौता कराने के प्रयास में जुटा था। किशोरी के परिजनों के मुंह me भी लालच रूपी पानी आ गया था। सदर कोतवाली के अपराध निरीक्षक विनोद कुमार यादव और एसएसआई दिलशाद खान के द्वारा दलाली की भूमिका में घूम रहे व्यापारी को चलता कर हिदायत दी कि दोबारा नजर आए तो तीसरे आरोपी के रूप में तुम खड़े नजर आओगे।
बस व्यापारी ने निकलना ही बेहतर समझा था।
इसके बाद पुलिस द्वारा किशोरी को चिकित्सीय परीक्षण हेतु भेजा गया था।
तहरीर के मुताबिक मुकदमा दर्ज किया गया था।
आरोपियों को न्यायालय में प्रस्तुत कर जेल भेजा गया है।
घटना दिनांक 22.01.2026 को मुकदमा की तहरीर चचेरे भाई की ओर से दर्ज कराकर आरोपित मुन्नी उर्फ शकीला द्वारा अपने घर ले जाना तथा आरोपित आरिफ द्वारा घर में बन्द कर दुष्कर्म करने के सम्बन्ध में थाना स्थानीय पर मु0अ0सं0 28/26 धारा 61(2)/65(1)/127(2) बीएनएस व 3/4(2) पॉक्सो एक्ट पंजीकृत किया गया था।
घटना की सूचना तत्काल अधिकारीगण को दी गयी थी। उच्चाधिकारीगण द्वारा तत्काल घटना का शीघ्र पर्दाफाश करने हेतु निर्देशित कर टीम का गठन किया गया था।
दिनांक 23.01.2026 को थाना सदर बाजार पुलिस टीम को मुखबिर के माध्यम से सूचना मिली कि आरोपित आरिफ पुत्र अजीम इस समय कहीं जाने की फिराक में छोटा कुतबां के पीछे खण्डहर के पास रास्ते पर खड़ा है।यदि जल्दी की जाए तो पकड़ा जा सकता है । उक्त सूचना पर पुलिस टीम द्वारा मुखबिर द्वारा बताये स्थान से एक व्यक्ति को पकड़ लिया गया था।
नाम पता पूछते हुये जामा तलाशी ली गयी तो पकडे गये व्यक्ति ने अपना नाम आरिफ(27) पुत्र अजीम नि0 चौक आला खां थाना सदर बाजार बताया जो थाना का वांछित आरोपी है।
पकडे गये आरोपित आरिफ उपरोक्त को उसके जुर्म व धारा से अवगत कराते हुये कारण बताकर समय 11.35 बजे हिरासत पुलिस में लिया गया तथा मुकदमा उपरोक्त से सम्बन्धित अभियुक्ता मुन्नी उर्फ शकीला की तलाश मे थाना सदर बाजार पुलिस टीम चौकी क्षेत्र हददफ में उसे खोज रही थी कि इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि आपके थाने की वांछित आरोपित मुन्नी उर्फ शकीला जिसकी आप लोगो को तलाश है इस समय अपने घर पर मौजूद है ।
जल्दी की जाए तो पकड़ी जा सकती है ।
मुखबिर की सूचना पर आरोपित को उपरोक्त के घर मो0 बारादरी से आरोपित को पकड लिया गया था।
महिला की शर्म हया का ख्याल रखते हुए उसका नाम पता पूछते हुए जामा तलाशी ली गयी तो उसने अपना नाम मुन्नी उर्फ शकीला (60) पत्नी स्व0 हसीब नि0 मो0 बारादरी थाना सदर बाजार बताया था।
अभियुक्ता को कारण गिरफ्तारी व उसके जुर्म धारा से अवगत कराते हुए नियमानुसार समय करीब 12.55 बजे हिरासत पुलिस में लिया गया ।
आरोपित व आरोपिता को बाद आवश्यक विधिक कार्यवाही न्यायालय के समक्ष पेश किया गया था।
जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
आरोपियों को समय रहते धर दबोचने वाली पुलिस टीम में निरीक्षक अपराध विनोद कुमार यादव व0उ0नि0 दिलशाद खां म0उ0नि0 साक्षी चौधरी का0 अंकित सिंह चौहान का0 मो0 तौफीक का0 पवन कुमार मौर्य आदि शामिल रहे थे।

