बरेली की रैली में BSP अध्यक्ष मायावती की स्पीच….
बरेली मण्डल के उम्मीदवारों के समर्थन में रैली में आए लोगों का हार्दिक आभार,
विधानसभा चुनाव में BSP पूरी ताकत से अपनी सरकार बनाने के लिए लड़ रही है,
जातिवादी और अहंकारी सरकार को हटाने के लिए BSP ने सर्वसमाज के लोगों को टिकट देकर उम्मीदवार बनाया है,
कांग्रेस की भी देश और पृदेश में लम्बे समय तक सरकार रही है,
लेकिन अपनी जातिवादी गलत नीतियों की वजह से कांग्रेस देश के साथ ही कई राज्य में खत्म हो चुकी है,
कांग्रेस जब सत्ता में होती है तब उसे दलित, पिछड़ों और महिलाओं के उत्थान की याद नहीं आती है,
सपा की सरकार में गुंडों और माफियाओं का राज रहता है,
जिस वजह से सपा सरकार में हमेशा तनाव की स्थिति रहती है और व्यापार का माहौल नहीं रहता है,
BJP की नितियों का एजेंडा भी पूँजीवादी रहती है जिस वजह से BJP की सरकार में गरीबों का उत्पिडन होता है,
दलितों और पिछड़ों और अल्डसंख्यक् समाज का BJP सरकार में उत्पिडंन होता है,
सरकारी सेक्टर का निजीकरण करके BJP ने आरक्षण की भावना को ही खत्म करने का काम किया है,
BJP सरकार ने मुस्लिम समाज के लोगों मे दहशत पैदा की है,
समाज के अन्य वर्ग के लोग भी BJP से दुखी हैं,
इस बार BJP सरकार में अपर कास्ट भी खुद को उपेक्षित महसूस करता रहा है,
महंगाई ने भी जनता की मुश्किलें बढ़ाई हैं,
चुनाव के बाद एक बार फिर पेट्रोल डीजल की कीमतें बढ़ा दी जाएंगी,
UP की जनता बहुत ज्यादा दुखी और परेशान है,
कोरोना की वजह से जनता की हालत और भी ज्यादा खराब हो गई है,
BSP की सरकार में दलित और पिछड़ों के महान संत और महापुरुषों का भी आदर सम्मान हुआ है और आगे भी उनके सम्मान में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी,
मेरी सरकार में तो लोग जो रोजी रोटी के लिए पलायन कर गए थे वो सभी लोग लौट आए थे,
BSP सरकार आने पर फिर से लोगों को रोजगार के मौके मुहैया कराए जाएंगे,
BSP की सरकार में जाती और धर्म के आधार पर किसी का उत्पिडन नहीं होगा,
बल्कि कानून के जरिए कानून का राज स्थापित होगा,
BJP सरकार में जिन लोगों पर फरजी मुकदमे लगाए गए हैं उनकी जांच करकर फरजी मुकदमे खत्म किए जाएंगे,
सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय के सिद्धांत पर BSP की सरकार काम करेगी,
विरोधी दल अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए मीडिया के जरिए औपनियन पोल का सहारा ले रहे है,
लेकिन आप लोगों को मीडिया और ओपीनीयन पोल के झांसे में नहीं आने है,
BSP अपना घोषणा पत्र जारी नहीं करती है,
क्योंकि BSP कहने में नहीं, करने में यकीन करती है,

