#विकलांग_सेवा_संस्थान 💛 #दिव्यांग_सम्मान 💚 #समाजसेवा ❤️ #उत्तर_प्रदेश 🧡 #जनसेवा 💜 #सेवा_ही_संकल्प नीचे रेलवे में दिव्यांगजनों के रोजगार एवं स्वरोजगार से संबंधित मांगों को और स्पष्ट करके संशोधित 20 सूत्रीय मांग-पत्र तैयार है।
राइटिंग
विकलांग सेवा संस्थान उत्तर प्रदेश
रजिस्ट्रेशन नंबर–1166
20 सूत्रीय मांग-पत्र
सेवा में,
महाप्रबंधक महोदय,
उत्तर मध्य रेलवे, प्रयागराज (उत्तर प्रदेश)
विषय: दिव्यांगजनों के अधिकार, रोजगार, स्वरोजगार, रेलवे स्टेशनों पर दुकान/स्टॉल, सुगम्यता एवं अन्य सुविधाएं दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के अनुरूप उपलब्ध कराने के संबंध में 20 सूत्रीय मांग-पत्र।
महोदय,
विकलांग सेवा संस्थान उत्तर प्रदेश द्वारा दिव्यांगजनों के हित एवं अधिकारों के लिए निम्नलिखित मांगें आपके समक्ष प्रस्तुत की जाती हैं—
1. दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के प्रावधानों को उत्तर मध्य रेलवे के सभी स्टेशनों, कार्यालयों एवं संबंधित परिसरों में प्रभावी रूप से लागू किया जाए।
2. रेलवे में दिव्यांगजनों के लिए निर्धारित आरक्षण के अंतर्गत रिक्त पदों की समीक्षा कर नियमानुसार भर्ती की जाए।
3. दिव्यांगजनों को रेलवे स्टेशनों पर उपलब्ध खाद्य स्टॉल, कैंटीन एवं अन्य लाइसेंस प्राप्त व्यवसायिक गतिविधियों में नियमानुसार स्वरोजगार का अवसर दिया जाए।
4. रेलवे स्टेशनों पर उपलब्ध दुकानों एवं व्यवसायिक स्थानों में पात्र दिव्यांगजनों के लिए लागू नियमों के अनुसार अवसर सुनिश्चित किए जाएं।
5. रेलवे स्टेशन परिसर में रेलवे अस्पताल के आसपास उपलब्ध नियमानुसार व्यवसायिक स्थानों में दिव्यांगजनों को स्वरोजगार के अवसर दिए जाएं।
6. रेलवे पुलों के नीचे अथवा उनके आसपास जहां रेलवे नियमों के अनुसार व्यवसायिक गतिविधि की अनुमति हो, वहां पात्र दिव्यांगजनों को दुकान/स्टॉल के अवसर उपलब्ध कराए जाएं।
7. रेलवे स्टेशनों पर UTS, ATVM, ई-टिकटिंग एवं यात्री सुविधा से संबंधित अधिकृत कार्यों में पात्र दिव्यांगजनों को नियमों के अनुसार रोजगार/स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए जाएं।
8. दृष्टिबाधित दिव्यांगजनों सहित पात्र दिव्यांग यात्रियों को रेलवे द्वारा निर्धारित रियायत एवं यात्रा संबंधी सुविधाओं का सुचारु रूप से लाभ दिया जाए।
9. सभी प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर दिव्यांग यात्रियों के लिए रैंप, लिफ्ट, एस्केलेटर एवं व्हीलचेयर की पर्याप्त व्यवस्था की जाए।
10. प्लेटफॉर्म, टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय, शौचालय एवं अन्य यात्री सुविधाओं को बाधारहित एवं सुगम बनाया जाए।
11. दृष्टिबाधित यात्रियों के लिए ब्रेल संकेतक, श्रव्य सूचना एवं स्पर्शनीय दिशासूचक व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए।
12. श्रवण बाधित यात्रियों के लिए रेलवे की महत्वपूर्ण घोषणाओं को डिजिटल डिस्प्ले एवं दृश्य सूचना प्रणाली के माध्यम से भी प्रदर्शित किया जाए।
13. दिव्यांग यात्रियों के लिए निर्धारित सीट/बर्थ एवं अन्य आरक्षित सुविधाओं का दुरुपयोग रोकने के लिए प्रभावी निगरानी की जाए।
14. दिव्यांग यात्रियों को ट्रेन में चढ़ने-उतरने तथा स्टेशन परिसर में आवश्यकतानुसार सहायता एवं व्हीलचेयर सेवा उपलब्ध कराई जाए।
15. रेलवे स्टेशनों पर दिव्यांगजनों के लिए बनाए गए सुलभ शौचालयों एवं अन्य सुविधाओं का नियमित रखरखाव सुनिश्चित किया जाए।
16. दिव्यांग रेलवे कर्मचारियों के कार्यस्थल को उनकी आवश्यकता के अनुसार सुगम एवं बाधारहित बनाया जाए तथा आवश्यक सहायक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
17. दिव्यांग महिला यात्रियों एवं कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए रेलवे परिसर में विशेष सहायता एवं सुरक्षा व्यवस्था प्रभावी की जाए।
18. रेलवे अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 तथा दिव्यांग यात्रियों के अधिकारों के संबंध में नियमित प्रशिक्षण दिया जाए।
19. दिव्यांगजनों की शिकायतों के शीघ्र निस्तारण के लिए मंडल एवं प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर प्रभावी शिकायत एवं संपर्क अधिकारी/व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण कराया जाए।
20. विकलांग सेवा संस्थान उत्तर प्रदेश के प्रतिनिधियों के साथ समय-समय पर बैठक आयोजित कर दिव्यांगजनों के रोजगार, स्वरोजगार, दुकान/स्टॉल, सुगम्यता एवं रेलवे सुविधाओं की समीक्षा की जाए तथा आवश्यक कार्रवाई की जानकारी संस्था को उपलब्ध कराई जाए।
विशेष मांग
दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के प्रावधान केवल कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि उत्तर मध्य रेलवे के सभी संबंधित स्टेशनों एवं कार्यालयों में जमीन स्तर पर प्रभावी रूप से लागू किए जाएं।
अतः निवेदन है कि उपरोक्त 20 सूत्रीय मांगों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए संस्था को कार्रवाई की जानकारी उपलब्ध कराने की कृपा करें।
भवदीय
सुनील यादव
राष्ट्रीय अध्यक्ष
विकलांग सेवा संस्थान उत्तर प्रदेश
रजिस्ट्रेशन नंबर–1166
मोबाइल: 9456 48 8211