दरोगा अजय गौड़ के मौत केस……
परशुरामपुर थाने में तैनात एसएसआई अजय कुमार गौड़ की संदिग्ध मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस ने फरार शातिर बाइक चोर की तलाश तेज कर दी है।
आरोपी तक पहुंचने के लिए बस्ती के अलावा लखनऊ, गोरखपुर और अयोध्या में भी पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार चोर की गिरफ्तारी के बाद दरोगा की मौत से जुड़ी कई अहम कड़ियां स्पष्ट हो सकती हैं।
वहीं…… जांच के तहत लैब भेजे गए विसरा की रिपोर्ट का भी इंतजार किया जा रहा है।
जिससे मौत के कारणों पर स्थिति साफ हो सके।
इस बीच पुलिस अमहट क्षेत्र से बरामद दरोगा की बाइक की डिक्की से दोनों मोबाइल फोन भी बरामद कर चुकी है।
जिन्हें जांच में शामिल किया गया है।
लेकिन बाइक को यहां तक लाने वाले व्यक्ति की पहचान के बाद भी उसकी तलाश अब तक पूरी नहीं हो सकी है।
अब तक की पुलिस जांच में घटनाक्रम से जुड़े कई तथ्य सामने आ चुके हैं।
दरोगा का शव सरयू नदी में बरामद होने के बाद से ही उनकी बाइक कुआनो नदी के अमहट घाट से बरामद होने की बात को लेकर बरकरार रहस्य को भी पुलिस ने सुलझा लिया है।
सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद पुलिस इस नतीजे पर पहुंच सकी कि बस्ती-अयोध्या बॉर्डर पर स्थित घटनास्थल से कुछ दूरी खड़ी बाइक को दरोगा स्वयं बस्ती लेकर नहीं आए थे।
बल्कि एक शातिर चोर ने इस बाइक पर हाथ साफ कर दिया था। वहीं बाइक को लेकर बस्ती के अमहट घाट पर पहुंचा।
पुलिस कर्मियों को आता देखकर बाइक छोड़कर वह भाग निकला था।
पुलिस के अनुसार अयोध्या स्थित घटनास्थल के पास भी एक नाविक और दो किशोरों से हुई पूछताछ में मौत के कारणों को लेकर स्थिति काफी हद तक स्पष्ट हो चुकी है।
दरोगा की बाइक चुराने वाले शातिर पर कई मुकदमे भी दर्ज है
सरयू नदी में मिला था शव 2016 बैच के दरोगा अजय कुमार गौड़ मूलरूप से देवरिया जिले के कोतवाली थानांतर्गत मूड़ाडीह के निवासी थे।
वे परसरामपुर में एसएसआई के पद पर कार्यरत थे।
उन्होंने बस्ती कोतवाली के पचपेड़िया मिश्रौलिया मोहल्ले में एक किराए का मकान ले रखा है।
यहां उनकी पत्नी रंजीता गौड़ छोटे बेटे संग रहती हैं।
पत्नी ने परसरामपुर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
दरोगा पांच फरवरी की सुबह घर से परसरामपुर थाने पर गए थे। इसी दिन शाम से वे लापता थे।
घटना के दिन वे थानाध्यक्ष के चार्ज पर थे।
उनकी बाइक कोतवाली अमहट घाट के पास मिलने के बाद गोताखोरों की मदद से कुआनो नदी में सर्च अभियान चल रहा था। लेकिन उनका शव गत आठ फरवरी की रात बस्ती-अयोध्या सीमाई माझा क्षेत्र में सरयू नदी में उतराता मिला था।
पीएम रिपोर्ट में भी उनकी मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। विसरा सुरक्षित कर जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया है।

