*राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत: पूर्वांचल की क्रांतिकारी धरती से उपजा विचार,जो विश्व पटल पर वटवृक्ष बना!*
*(शीतल निर्भीक)*
देश की उत्तर-प्रदेश की पूर्वांचल की क्रांतिकारी धरती मऊ से अंकुरित हुआ राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत आज देश की सीमाओं को पार करते हुए दुनिया के 22 देशों में वटवृक्ष की तरह फैल चुका है और उसका संगठनात्मक कारवां निरंतर विस्तार की ओर अग्रसर है। यह संगठन केवल एक मंच नहीं, बल्कि पत्रकारिता के मूल्यों, अनुशासन और सामाजिक उत्तरदायित्व की सशक्त विचारधारा बन चुका है।
राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत को एक ऐसे महासागर के रूप में देखा जाता है, जहाँ से अनेक धाराएँ निकलती हैं और समाज को सच, साहस और संवेदनशीलता से सींचती हैं। संघ से जुड़कर देश और विदेश के अनेक पत्रकारों ने अपनी पहचान बनाई और जनहित को अपनी कलम का केंद्र बनाया। संगठन की पहचान हमेशा व्यक्ति से ऊपर विचार रही है, यही इसकी सबसे बड़ी ताकत है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष जगदीश सिंह के नेतृत्व में संगठन ने स्पष्ट दिशा और मजबूत आधार प्राप्त किया है। वहीं राष्ट्रीय अध्यक्षा महिला विंग पूनम सिंह के मार्गदर्शन में महिला पत्रकारों की सक्रिय भागीदारी और सशक्त उपस्थिति को नई ऊर्जा मिली है। संतुलित नेतृत्व और सामूहिक सोच ने संगठन को निरंतर आगे बढ़ाया है।
आज राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत देश के संपूर्ण राज्यों में सक्रिय है और भारत से बाहर 22 देशों तक इसकी शाखाएँ कार्य कर रही हैं। यह विस्तार किसी तात्कालिक प्रयास का परिणाम नहीं, बल्कि वर्षों की विश्वसनीयता, संघर्ष और विचारों की स्वीकार्यता का प्रमाण है। संगठन अब एक वटवृक्ष का स्वरूप ले चुका है, जिसकी छाया में नई पीढ़ी के पत्रकार सीख, दिशा और आत्मविश्वास प्राप्त कर रहे हैं।
संघ ने सदैव यह स्पष्ट किया है कि यह मंच अवसर देता है, लेकिन मूल्यों से समझौता नहीं करता। यहाँ अनुशासन, मर्यादा और जिम्मेदार पत्रकारिता को सर्वोच्च स्थान दिया जाता है। संगठन ने कभी दिखावे या शोर-शराबे को अपनी पहचान नहीं बनने दिया, बल्कि शांत, संयमित और सशक्त तरीके से आगे बढ़ता रहा।
यही कारण है कि राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत की विश्वसनीयता समय के साथ और मजबूत हुई है। यहाँ से निकली अनेक आवाजें आज भी समाज में सकारात्मक बदलाव की मिसाल बनी हुई हैं। पूर्वांचल की धरती से उपजा यह विचार आज वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बना चुका है और राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत निरंतर अपनी गरिमा, मूल्यों और उद्देश्य के साथ आगे बढ़ता जा रहा है।

