आप है कल्पना वर्मा जी, डीएसपी रायपुर की। काफी तेजतर्रार है। DSP-ATS भी रह चुकी है।
इनकी मुलाकात 2021 में शहर के स्थापित कारोबारी श्री दीपक टंडन जी से होती है।
दोनों में बातचीत आरंभ होती है और फिर बातचीत का सिलसिला शुरू हो जाता है।
पहले बातचीत फिर मुलाकातें और फिर मोहब्बत।
दुनों प्राणी लविंग बर्ड्स बन कर खुले गगन में सैर करने लगते है।
अब चूंकि टंडन भइया थे मालदार आदमी तो प्रेमिका के ऊपर थोड़ा मोड़ा खर्च करना तो बनता था, सो वो कर रहा था।
वर्मा जी भी लेने में कम न थी बल्कि लेने का दायरा बहुत बड़ा था।
टंडन जी को भी देने में कोई कठिनाई परेशानी न थी लेकिन ये चाहते थे कि ये खर्च केवल खर्च ही न रहे बल्कि एक इन्वेस्टमेंट में परिणत हो जाय।
इस चीज में ठप्पा लगाई डीएसपी मैडम ने कि तुम टेंशन न लो..
मैं शादी करूँगी तुमसे..
तो ‘तुम्हारे’ पैसे ‘हमारे’ पैसे के रूप में रहेंगे।
इसके बाद टंडन जी ने उपहारों और पैसों की बारिश करनी शुरू कर दी।
डीएसपी मैडम ने करीब ढाई करोड़ रुपये ऐंठे टंडन जी से।
जिसमें से कई महंगी गाड़ियां, ज्वेलर्स आदि भी शामिल है।
वीआईपी रोड में इन्होंने अपने भाई के नाम एक होटल भी इनसे खरीदवाया और फिर 30 लाख रुपये खर्च करके इसे अपने नाम करवा ली।
अब ये शादी क्या करेगी बल्कि पिछले खुशनुमा यादों के सहारे ब्लैकमेलिंग का सीरीज शुरू कर दी।
और जब इन सब से तंग आ कर टंडन जी केस करने की धमकी दिए तो डीएसपी मैडम ने ऐसा करने को मना किया और बोली कि ऐसा भूल के भी मत करना नहीं तो बहुत पछताना पड़ेगा।
इसके बाद भी टंडन जी ने शिकायत दर्ज कर दिए थाने में।
जिसे अब विड्रॉ करने के लिए डीएसपी मैडम दबाव बना रही है।
कह रही कि शिकायत वापिस ले लो नहीं तो ऐसे-ऐसे फर्जी केस और धाराएं लगाउंगी कि जिनगी जेल आते-जाते ही बीतेगी।
श्रीमान टंडन जी शादी-शुदा है।
जब रिलेशनशिप में थे तो तलाक का भी दबाव बनाया गया।
मने टंडन जी भी कम न थे..
पत्नी होते हुए सिंगल डीएसपी मिली तो धड़ाधड़ प्यार के साथ-साथ पैसे भी बाहर आने लगे।
खैर!..
मेरा ये पोस्ट लिखने का सार ये है कि ई पीसीएस अधिकारी लोगों के बारे में जो मेरी धारणा है उसको ये प्रसंग सपोर्ट कर रहा है।
और वो धारणा ये है कि,
“ई पीसीएस अधिकारियों के स्थान विशेष में भोत गर्मी होती है.. चाहे वो अधिकारी पुरूष हो या महिला।”
धन्यवाद।

