कटहल तोड़ने के विवाद में खूनी संघर्ष: दबंगों ने घर में घुसकर बरपाया कहर, युवक आईसीयू में भर्ती
स्थानीय संवाददाता – कैलाश सिंह महाराजगंज
महराजगंज। जनपद के कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत जंगल दुधई उर्फ चेहरी गांव में कटहल तोड़ने और जमीन विवाद को लेकर शुक्रवार को जमकर खूनी संघर्ष हो गया। आरोप है कि दबंगों ने गोलबंद होकर एक परिवार के घर में घुसकर महिलाओं समेत सभी सदस्यों पर लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से जानलेवा हमला कर दिया। हमले में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि एक युवक की हालत नाजुक बनी हुई है और उसे निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत और तनाव का माहौल है।
पीड़ित अमेरिका पुत्र राजेन्द्र निवासी जंगल दुधई उर्फ चेहरी टोला हरैया के अनुसार शुक्रवार शाम करीब चार बजे वह अपनी निजी जमीन से कटहल तोड़कर घर लौट रहे थे। आरोप है कि इसी बात को लेकर गांव के ही छब्बूलाल, हीरालाल, संजय, भोला, सोनू, मनोज और वीरेन्द्र समेत कई लोग एकजुट होकर उनके घर पहुंच गए। घर पहुंचते ही आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और देखते ही देखते हमला बोल दिया।
परिवार का आरोप है कि हमलावरों ने महिलाओं तक को नहीं छोड़ा और लाठी-डंडों, लोहे की रॉड तथा लात-घूसों से बेरहमी से मारपीट की। इस हमले में मुन्ना पुत्र राजेन्द्र के सिर में गंभीर चोट आई और उनका बायां हाथ फ्रैक्चर हो गया। वहीं सोहन, त्रिभुवन, श्रीभागवत, रामसूरत, संध्या, अनुराधा, विद्यावती और सुभावती समेत कई लोग घायल हो गए।
पीड़ितों का आरोप है कि मारपीट के दौरान दबंगों ने धमकी दी कि यदि परिवार ने कटहल वाली जमीन नहीं छोड़ी तो उन्हें जान से मार दिया जाएगा। आरोपियों ने कथित तौर पर यह भी कहा कि “मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता।”
घटना के दौरान गांव में अफरा-तफरी मच गई। शोर-शराबा सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पीड़ित परिवार ने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और जानकारी लेकर लौट गई। इसके बाद पीड़ित परिवार ने आईटीएम चौकी चेहरी पर लिखित शिकायत भी दी।
सभी घायलों को सरकारी एम्बुलेंस की मदद से जिला संयुक्त चिकित्सालय महराजगंज पहुंचाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। परिजनों के मुताबिक देर रात मुन्ना की हालत बिगड़ने लगी। उन्हें लगातार उल्टी और चक्कर आने लगे, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें रेफर कर दिया। बाद में उन्हें शहर के एक निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है।
घटना के बाद पीड़ित परिवार ने पुलिस की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं। परिवार का आरोप है कि शिकायत देने के बावजूद न तो आरोपियों की गिरफ्तारी की गई और न ही समय से मेडिकल परीक्षण कराया गया। पीड़ितों का कहना है कि चौकी प्रभारी ने उन्हें फटकार लगाते हुए यह कहकर भगा दिया कि “तुम लोग शराब पीकर झगड़ा करते हो।”
इस आरोप के बाद पुलिस की भूमिका भी सवालों के घेरे में आ गई है। पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक महराजगंज से मामले में तत्काल एफआईआर दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की है। गांव में तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए लोग किसी बड़ी घटना की आशंका जता रहे हैं।

